Blanche Monnier

साल 1901 में फ्रांस (France) में क्राइम (Crime) से जुड़ा एक ऐसा केस सामने आया था जिसने सभी को हिलाकर रख दिया था. ब्लैंक मोनियर (Blanche Monnier) नाम की 25 साल की महिला अपनी खूबसूरती के लिए काफी मशहूर थीं

उनकी मां मैडम मोनियर (Madame Monnier) और बेटे मार्सेल ने ब्लैंक को घर पर ही एक अंधेरे कमरे में कैद कर दिया जिसमें खिड़की भी नहीं थी

एक भी खिड़की ना होने के कारण कमरे में सूरज की रोशनी भी नहीं आती थी जिसके चलते ब्लैंक का शरीर सूखता जा रहा था.

कमरे में चूहे और कीड़े-मकोड़े घूमने लगे थे जो खाने के लिए उनका ही खाना और उनके शरीर को नोचने लगे थे. 

डेली स्टार की रिपोर्ट के मुताबिक 23 मई 1901 को पेरिस के अटॉर्नी जर्नल को एक चिट्ठी मिली जिसमें ये लिखा था

कि ब्लैंक नाम की महिला को 25 सालों तक उसकी मां मैडम मोनियर ने अपने घर की ऊपर के कमरे में बंद रखा है

घर पर ही एक अंधेरे कमरे में कैद कर दिया जिसमें खिड़की भी नहीं थी. एक भी खिड़की ना होने के कारण कमरे में सूरज की रोशनी भी नहीं आती थी

50 साल की उम्र में उन्हें सुरक्षित तो बचा लिया गया मगर इलाज के बाद उन्हें पागलखाने भेज दिया गया. ब्लैंक 16 साल और जिंदा रहीं और 1913 में पागलखाने में ही उनकी मौत हो गई

Born- 1 March 1849 Poitiers, Vienne, Second French Republic Died- 13 October 1913 (aged 64)